भारत की आपातकालीन संचार प्रणालियों को मजबूत करने के लिए सरकार ने सेल ब्रॉडकास्ट सिस्टम लॉन्च किया।
Posted on:
2026-05-03
संचार मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया ने आज भारत की आपातकालीन संचार प्रणालियों को मजबूत करने और सार्वजनिक सुरक्षा अवसंरचना को बेहतर बनाने के लिए सेल ब्रॉडकास्ट सिस्टम (सीबीएस) का शुभारंभ किया। सीबीएस एक स्वदेशी तकनीक है जिसे दूरसंचार विभाग के अंतर्गत टेलीमैटिक्स विकास केंद्र (सी-डीओटी) ने राष्ट्रीय आपदा प्रबंधन प्राधिकरण और गृह मंत्रालय के सहयोग से विकसित किया है।
आज देशव्यापी स्तर पर इस प्रणाली का सफल परीक्षण किया गया, जिसके दौरान देशभर के मोबाइल फोनों पर आपातकालीन चेतावनी संदेश प्रसारित किए गए। इसके तहत, प्रणाली का परीक्षण करने के लिए दोपहर के आसपास नागरिकों के मोबाइल उपकरणों पर सायरन की चेतावनी वाला एक नोटिफिकेशन भेजा गया।
नई दिल्ली में लॉन्च के अवसर पर बोलते हुए मंत्री ने इसे भारत के आपदा प्रबंधन ढांचे में एक क्रांतिकारी कदम बताया, जो नागरिकों की सुरक्षा के लिए प्रतिक्रियात्मक दृष्टिकोण से सक्रिय दृष्टिकोण की ओर बदलाव को दर्शाता है। श्री सिंधिया ने कहा कि उन्नत दूरसंचार प्रौद्योगिकियों का लाभ उठाते हुए, सीबीएस लगभग वास्तविक समय में, भौगोलिक रूप से लक्षित अलर्ट लाखों लोगों तक तुरंत पहुंचाता है, जिससे यह सुनिश्चित होता है कि कोई भी व्यक्ति पीछे न छूटे।
मंत्री जी ने आगे कहा कि यह स्वदेशी, वैश्विक स्तर पर मानकीकृत समाधान देश की तैयारियों को मजबूत करता है, प्रतिक्रिया क्षमताओं को बढ़ाता है और एक सुरक्षित, अधिक लचीले भारत के निर्माण के प्रति देश की प्रतिबद्धता को सुदृढ़ करता है। इस अवसर पर केंद्रीय गृह सचिव गोविंद मोहन और दूरसंचार सचिव अमित अग्रवाल उपस्थित थे।
सेल ब्रॉडकास्ट सिस्टम (सीबीएस) सटीक भौगोलिक लक्ष्यीकरण क्षमता प्रदान करता है, जिससे व्यक्तिगत सेल टावरों या क्लस्टरों के स्तर पर अलर्ट प्रसारित किए जा सकते हैं, साथ ही बड़े भौगोलिक क्षेत्रों को कवर करने के लिए इसकी विस्तार क्षमता भी उपलब्ध है। यह पारंपरिक एसएमएस-आधारित प्रणालियों की सीमाओं को दूर करता है, जिससे यह सुनिश्चित होता है कि लक्षित क्षेत्रों में बड़ी आबादी तक महत्वपूर्ण जानकारी तेजी से और कुशलतापूर्वक पहुंचाई जा सके।
यह सिस्टम लगभग वास्तविक समय में, बहुभाषी अलर्ट प्रदान करता है, जो बाढ़ और गैस रिसाव जैसी आपदाओं में सुरक्षात्मक कार्रवाई के लिए महत्वपूर्ण समय उपलब्ध कराता है और बिना किसी प्रतीक्षा के कुछ ही सेकंड में उपयोगकर्ताओं तक पहुंच जाता है। प्रत्यक्ष और आधिकारिक संचार को सक्षम बनाकर, यह आपदा प्रबंधन को मजबूत करता है, त्वरित प्रतिक्रिया को बढ़ावा देता है, घबराहट को कम करता है और जनता के विश्वास और अनुपालन को बढ़ाता है। ये अलर्ट प्राथमिकता सूचनाओं के रूप में पॉप-अप संदेशों के रूप में विशिष्ट तेज ध्वनियों के साथ दिखाई देते हैं, और समर्थित मोबाइल हैंडसेट पर संदेश का पाठ जोर से पढ़ा जाता है।